नक्सलियों ने बस में लगाई आग, किसी तरह कूदकर भागे लोग

नक्सलियों ने बस में लगाई आग, किसी तरह कूदकर भागे लोग

सुकमा  सीमा पर नक्सलियों ने फिर उत्पात मचाया है। इस बार नक्सलियों ने 25 अप्रैल को दंडकारण्य (दंतेवाड़ा, बीजापुर, सुकमा) बंद के दौरान कायराना हरकत की है। बताया जा रहा है कि रविवार रात को ही नक्सलियों ने एक बस को आग के हवाले कर दिया।

जिससे बस पूरी तरह से जलकर राख हो गई है। यहां नक्सलियों ने यात्रियों की मौजूदगी में ही बस में आग लगा दिया था। जिसके चलते मौके पर अफरा-तफरी मच गई। जान बचाने लोग इधर-उधर भागने लगे। इसके चलते 2 महिलाओं को चोटें भी आई हैं। कुछ लोगों ने बस से कूदकर जान बचाई है।

जानकारी के मुताबिक, नक्सली देर रात को छत्तीसगढ़-आंध्र-प्रदेश सीमा पर सुकमा जिले के कोंटा से 15 किलोमीटर दूर स्थित सरिवेल्ला गांव(आंध्र प्रदेश का गांव) के सड़क पर पहुंचे थे। इसके बाद उन्होंने ओड़िशा की तरफ से हैदराबाद जा रही बस को रोक लिया। बस रोकने के बाद पहले उन्होंने यात्रियों को उतरने के लिए कहा था। मगर यात्री नहीं उतरे।

ये बस ओड़िशा की ही बताई जा रही है। घटना रविवार-सोमवार रात 11 से 12 बजे के आस-पास की है।वहीं जब नक्सलियों की बात लोगों ने नहीं सुनी तो उन्होंने यात्रियों के अंदर रहते में ही बस में आग लगा दिया। इस दौरान कई यात्रियों का सामान अंदर ही रह गया और बस के साथ ही जलकर राख हो गया है। मौके पर अफरा तफरी मच गई थी। लोगों समझ ही नहीं सके कि उन्हें करना क्या है। बाद में किसी तरह वह बस से बाहर निकल गए थे।

जिसके चलते 2 महिलाओं को हल्की चोटें आई हैं। कुछ लोग बस से नीचे कूद गए थे।बताया जा रहा है कि घटना को सिर्फ 5 नक्सलियों ने ही अंजाम दिया है। बाकी के नक्सली जंगल में छिपे हुए थे। इधर, वारदात के बाद इसकी सूचना जवानों को भी दी गई थी। जिसके बाद मौके पर पहुंचे जवानों ने रात को सर्च ऑपरेशन चलाया है। अगले दिन सोमवार को भी जवान मौके पर पहुंचे और जली हुई बस को हटाने का काम किया जा रहा है।

दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी (DKSZC) की सदस्य हार्डकोर महिला नक्सली निर्मला उर्फ नर्मदा दीदी की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। निर्मला ने महाराष्ट्र के जेल में 9 अप्रैल को दम तोड़ा। बताया जा रहा है कि इस पर लगभग 25 लाख रुपए का इनाम घोषित था। वहीं निर्मला की मौत को साथी माओवादियों ने शासन प्रशासन की साजिश बताया है।

इसी विरोध में और निर्मला की याद में माओवादियों ने 25 अप्रैल को दंडकारण्य (दंतेवाड़ा, बीजापुर, सुकमा) बंद का आह्वान किया था। माओवादियों ने पर्चा जारी कर लोगों से बंद को सफल बनाने की अपील की थी। इसे लेकर पुलिस भी अलर्ट थी।

BGL दागे थे
नक्सलियों जब इस तरह से बंद बुलाते हैं, तो वे हमेशा कुछ ना कुछ उत्पात मचाने की फिराक में रहते हैं। इस बार भी नक्सलियों ने यही करने की कोशिश की है। नक्सलियों ने 25 अप्रैल को ही बीजापुर जिले के नक्सलगढ़ में स्थित एक पुलिस कैंप पर माओवादियों ने हमला कर दिया था।

माओवादियों ने कैंप पर कई BGL (बैरल ग्रेनेड लॉन्चर) दागे था। करीब 15 से 20 मिनट तक दोनों तरफ से गोलीबारी भी हुई थी। हालांकि इस मुठभेड़ में किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Previous post 22 ट्रेनों को रद्द करने से,CM भूपेश बघेल की कड़ी आपत्ति
Next post महादेव बुकी में मिले अहम सुराग,ब्लैक मनी को लीगल करने चल रहा खेल