



शादी की खुशियां उस समय मातम में बदल गई, जब हल्दी की रस्म के दौरान डांस करती हुई दुल्हन दीक्षा की अचानक तबीयत बिगड़ गई और कुछ ही पलों में उसकी मौत हो गई. यह दिल दहला देने वाली घटना बदायूं के इस्लामनगर थाना क्षेत्र के नूरपुर पिनौनी गांव की है, जहां आज बारात आनी थी, लेकिन उससे पहले ही घर से बेटी की डोली की बजाय उसकी अर्थी उठी.


परिवार के मुताबिक
दीक्षा अपने घर में चार भाइयों में इकलौती और सबसे बड़ी संतान थी. वह इस्लामनगर के एक डिग्री कॉलेज से बीए की पढ़ाई कर रही थी. रविवार को हल्दी की रस्म के दौरान वह अपनी बहनों और रिश्तेदारों के साथ खुशी-खुशी डांस कर रही थी. तभी उसे अचानक घबराहट हुई और वह वॉशरूम चली गई. कुछ ही मिनटों बाद जब वह बाहर नहीं आई, तो परिवार ने दरवाजा तोड़कर देखा दीक्षा ज़मीन पर बेसुध पड़ी थी और उसकी सांसें थम चुकी थीं.
डॉक्टर ने क्या बताया?
परिजनों ने तुरंत गांव के चिकित्सक को बुलाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. दीक्षा की मां सरोज देवी ने बताया कि जब उन्होंने बेटी को उठाया, उसकी गर्दन अकड़ चुकी थी. मौके पर पहुंचे डॉक्टर ने दिल का दौरा (हार्ट अटैक) बताया. दीक्षा पहले से दिल की बीमारी से पीड़ित थी और उसका इलाज दिल्ली से चल रहा था.