योगी कब तक रहेंगे… छांगुर के गुर्गों ने दी हिंदुओं से हिसाब-किताब बराबर करने की धमकी! पोल खुलने पर हमला

बलरामपुर: उत्तर प्रदेश के बलरामपुर में धर्मांतरण के आरोपों से घिरे छांगुर बाबा की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब उनके पूर्व मुंशी हरजीत कश्यप ने आरोप लगाया है कि बाबा के समर्थकों ने उन्हें लखनऊ में दिए गए बयान को वापस लेने के लिए जान से मारने की धमकी दी और उन पर हमला किया। इस मामले में कोतवाली उतरौला में 3 नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। हरजीत कश्यप का कहना है कि मीडिया में दिए गए उनके बयान से बौखलाकर यह हमला किया गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार हरजीत कश्यप पुत्र शिव मंगल निवासी ग्राम रसूलाबाद, थाना गैंडास बुजुर्ग ने 3 जुलाई को लखनऊ में विश्व हिंदू परिषद के माध्यम से मीडिया को एक बयान दिया था। इसमें उन्होंने मधपुर गांव निवासी जलालुद्दीन शाह उर्फ छांगुर पीर पर जबरन धर्म परिवर्तन कराने और मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया था।

हरजीत ने बताया कि इस बयान के बाद पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई से वे संतुष्ट थे, लेकिन 7 जुलाई को जब वे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गैंडास बुजुर्ग में दवा लेने जा रहे थे, तभी उतरौला चौराहा डुमरियागंज रोड पर तीन लोग पहले से घात लगाकर बैठे थे। आरोपियों की पहचान रियाज पुत्र मोहम्मद अहमद, नवाब पुत्र इस्लाम और कमालुद्दीन पुत्र नन्ने के रूप में हुई है।

‘हिंदुओं का हिसाब किया जाएगा’
हरजीत के मुताबिक, तीनों ने उन्हें रोककर गालियां दीं, मारपीट की और धमकाते हुए कहा, “24 घंटे के भीतर लखनऊ जाकर अपना बयान वापस ले लो, नहीं तो जान से मार देंगे।” आरोपियों ने धार्मिक और राजनीतिक टिप्पणियां करते हुए यह भी कहा, “योगी आदित्यनाथ की सरकार कब तक रहेगी? बाद में हिंदुओं का हिसाब किया जाएगा।” हरजीत ने बताया कि आरोपियों ने यह भी धमकी दी कि जो भी बाबा के खिलाफ आवाज उठाएगा, उसे मिटा दिया जाएगा।

इस घटना के बाद हरजीत ने उतरौला कोतवाली में तहरीर दी, जिसके आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पांडेय ने बताया कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि पुलिस टीम जांच-पड़ताल कर रही है और पीड़ित की सुरक्षा को लेकर भी पुलिस सतर्क है।

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