



राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई में महिला उत्पीड़न के 35 प्रकरणों पर हुई सुनवाई

सखी केंद्र की निगरानी में दंपति को पुनः साथ रहने का मौका
दुर्ग, 16 जनवरी 2026/ छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक की अध्यक्षता में आज प्रेरणा सभा कक्ष बालगृह परिसर महिला एवं बाल विकास कार्यालय दुर्ग में महिला उत्पीड़न से संबंधित मामलों पर जनसुनवाई आयोजित की गई। इस अवसर पर प्रभारी सदस्य श्रीमती ओजस्वी मंडावी एवं सह प्रभारी श्रीमती लक्ष्मी वर्मा उपस्थित रहीं। आज की जनसुनवाई जिले के कुल 35 प्रकरणों पर सुनवाई की गई।
जनसुनवाई के दौरान एक प्रकरण में आवेदिका की अनुपस्थिति के कारण मामला शीघ्र सुनवाई हेतु रायपुर स्थानांतरित किया गया। वहीं एक अन्य प्रकरण में उच्च न्यायालय द्वारा खारिज किए गए मामले को आयोग में सुनवाई के निर्देश प्राप्त होने के बाद पुनः सुनवाई की गई, जिसमें पुलिस जांच दस्तावेज प्रस्तुत किए गए। उक्त प्रकरण की अगली सुनवाई 11 फरवरी 2026 को रायपुर में निर्धारित की गई है। पति-पत्नी विवाद से जुड़े एक गंभीर मामले में अवैध संबंधों के आरोप सामने आए। आयोग द्वारा समझाइश के बाद पति ने पत्नी और पुत्र के समक्ष माफी मांगी। दोनों पक्षों को साथ रहने का अवसर दिया गया, जिसकी निगरानी सखी केंद्र द्वारा की जाएगी।
एक अन्य प्रकरण में शिकायतकर्ता द्वारा शिकायत वापस लेने तथा संबंधित व्यक्तियों की मृत्यु हो जाने के कारण प्रकरण नस्तीबद्ध किया गया। वहीं पारिवारिक संपत्ति विवाद के एक मामले में आयोग की टीम द्वारा मौके पर जाकर आवेदिका को भूमि का कब्जा दिलाने और सुलहनामा कराने का निर्णय लिया गया। न्यायालय में लंबित प्रकरणों को आयोग द्वारा नस्तीबद्ध किया गया। एक अन्य मामले में जनहित की शिकायत पर दर्ज एफआईआर को लेकर अनावेदक को एक माह में एफआईआर वापस लेने के निर्देश दिए गए, जिसकी अगली सुनवाई रायपुर में होगी। संपत्ति बंटवारे से जुड़े एक प्रकरण में विधवा महिला को अपनी संपत्ति बेचने और बच्चों में समान रूप से वितरण की स्वतंत्रता दी गई, जिस पर सभी पक्ष सहमत पाए गए। जनसुनवाई के माध्यम से महिला आयोग ने कई मामलों में त्वरित समाधान, सुलह एवं महिला हित में निर्णय देकर राहत प्रदान की।
