



शिवपुरीः मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के कोलारस थाने से हैरान कर देने वाली घटना सामने आई। यहां थाने में पदस्थ एक एएसआई राकेश बंजारा ने टीआई द्वारा प्रताड़ित किए जाने के बाद रविवार को जहर खा लिया। थाने में एएसआई के जहर खाने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। आनन फानन में दूसरे पुलिसकर्मियों द्वारा उन्हें कोलारस स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। एएसआई की हालात और बिगड़ने पर उन्हें जिला चिकित्सालय भेजा गया और यहां से ग्वालियर रैफर कर दिया गया है।


एएसआई ने लगाए टीआई पर आरोप
जहर खाए जाने के बाद एएसआई को कोलारस अस्पताल ले जाया गया। कोलारस थाने में पदस्थ एएसआई राकेश बंजारा ने बताया कि कल यानी शनिवार को थाने में पदस्थ दिलीप दीवान, अवतार व नरेश दीवान ने कट्टू से भरे दो ट्रक पकड़े थे। इसमें से एक ट्रक लेनदेन कर मौके पर ही छोड़ दिया, जबकि दूसरा पकड़ लिया था। राकेश ने बताया कि उक्त ट्रक के खिलाफ कार्रवाई के लिए टीआई कोलारस अजय जाट मुझ पर दबाव बना रहे थे, जबकि मेरा कहना था कि जिस मामले की मुझे जानकारी ही नहीं है, उसमे कार्रवाई कैसे कर दूं।
थाने में चल रही है वसूली से बिगड़ा मामला
राकेश का तो यहां तक कहना है कि थाने में लेनदेन का काम उक्त तीनों दीवान करते हैं और मुझे प्रताड़ित करके मेरे खिलाफ झूठी रिपोर्ट डाल देते हैं। मैंने अपनी समस्या से टीआई सहित एसडीओपी और एसपी को भी अवगत कराया। लेकिन, जब कहीं सुनवाई नहीं हुई तो मैंने आज परेशान होकर चूहे मारने की दवा खा ली।
मामला बिगड़ने पर एडिशनल एसपी पहुंचे कोलारस
एक एएसआई के द्वारा जहर खाए जाने के बाद एडिशनल एसपी संजय मुले कोलारस पहुंचे और यहां पर पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों से बात की। इसके बाद एएसआई को कोलारस से शिवपुरी रेफर किया गया। यहां पर पत्रकारों से चर्चा में एडिशनल एसपी संजय मुले ने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है।
पूरा मामला कट्टू वाहनों से वसूली का
कोलारस थाने के एक एएसआई द्वारा जहर खाए जाने के बाद इस मामले में पुलिस आरोपों के घेरे में आ गई है। सूत्रों का कहना है कि शिवपुरी जिले में कट्टू यानि गौवंश से भरे वाहनों को सुरक्षित बाहर निकलवाने का ठेका पुलिस लाखों में करती है। जिसकी बंधी स्थानीय पुलिस थाने से लेकर सीनियर अधिकारियों तक पहुंचती है। इसी वसूली को लेकर यह मामला पुलिसकर्मियों का आपसी विवाद का बताया जा रहा है।