



विद्यार्थियों के कौशल को नया आकार देने और उनकी रचनात्मकता को पहचान दिलाने के उद्देश्य से शकुंतला विद्यालय में 10 जनवरी 2026 को एक भव्य विज्ञान–कला प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस प्रदर्शनी में कक्षा 6वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने विभिन्न विषयों में अपने ज्ञान और अधिगम का प्रयोग करते हुए आकर्षक व नवाचारी मॉडल प्रस्तुत किए।
विद्यार्थियों ने शिक्षकों के कुशल मार्गदर्शन में विज्ञान, कला और तकनीक के समन्वय से अपने मॉडलों का निर्माण किया। प्रदर्शनी का निरीक्षण श्री सुब्रत मजूमदार (प्राचार्य, सूर्य पथ स्कूल, दुर्ग) एवं श्रीमती डॉली (शारदा विद्यालय, रिसाली) द्वारा किया गया। उन्होंने विद्यार्थियों के कार्य, उद्देश्य, संवाद क्षमता, नवाचार और परिणामों का सूक्ष्म व गहन मूल्यांकन किया।
मूल्यांकन के आधार पर मॉडलों को विभिन्न श्रेणियों में स्थान प्रदान किया गया।


मिडिल विंग में—
• कंप्यूटर विज्ञान से ‘एग्री बोर्ड’ को प्रथम स्थान,
• रसायन विज्ञान से ‘सन चार्ज्ड एलईडी बैग’ को द्वितीय स्थान तथा
• सामाजिक विज्ञान से ‘जल के नीचे छिपा रत्न’ को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ।
वहीं हायर विंग में—
• भौतिक विज्ञान से ‘आई स्मार्ट हेलमेट’ ने प्रथम स्थान,
• कंप्यूटर विज्ञान से ‘सीजी ट्रैक’ ने द्वितीय स्थान और
• जीव विज्ञान से ‘सीढ़ीनुमा खेती’ ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
निर्णायकों के निर्णय को सर्वोपरि मानते हुए विजेता विद्यार्थियों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही अन्य सहभागी विद्यार्थियों के उत्साह और प्रयासों की भी सराहना की गई।
इस अवसर पर शकुंतला विद्यालय के डायरेक्टर श्री संजय ओझा जी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि निरंतर विकसित होती तकनीक और बदलती दिनचर्या ने छात्रों की कल्पनाशीलता को नई उड़ान दी है। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप के इस युग में ऐसे नवाचारी विद्यार्थियों का भविष्य उज्ज्वल है और उन्हें निरंतर आगे बढ़ते रहने का आशीर्वाद दिया।
इस अवसर पर प्राचार्य विपिन कुमार, ममता ओझा (मैनेजर शारदा विद्यालय, रिसाली सेक्टर), प्राचार्या आरती मेहरा (शकुंतला विद्यालय क्र.-2), अभय दुबे, उपप्राचार्या जी. रंजना कुमार, अनिता नायर, हेड मिस्ट्रेस सुनीता सक्सेना, सीनियर मिस्ट्रेस बलजीत कौर, आरती जय कुमार प्राचार्य कला केंद्र, प्रभारी राजेश वर्मा, प्रतीक ओझा, वनिता तिवारी सहित समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं का सहयोग अत्यंत सराहनीय रहा।