



धरती पर तेजी से जनसंख्या बढ़ रही है. इसको ध्यान में रखकर हॉस्पिटल, स्कूल से लेकर तमाम बुनियादी चीजों को बढ़ावा मिल रहा है, ताकि लोगों की जिंदगी आसान बन सके. लेकिन क्या आप किसी ऐसे देश का नाम जानते हैं, जहां पर एक भी हॉस्पिटल नहीं है? इतना ही नहीं, इस देश में 96 सालों से कोई बच्चा भी पैदा नहीं हुआ.

हमने अपने बड़े-बुजुर्गों से अक्सर “बच्चों के बिना घर सूना” कहावत से लेकर “हम दो, हम दो” नारे तक सब कुछ सुना है. ये सब सुनते-सुनते और देखते-देखते भारत विश्व का सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश बन गया. लेकिन, इस धरती पर एक ऐसा देश है, जहां पर 96 सालों से कोई बच्चा ही पैदा नहीं हुआ. यहां तक की वहां पर कोई अस्पताल भी नहीं है.


21वीं सदी में भला ऐसा कौन सा देश है, जहां हॉस्पिटल नहीं है? हमारे जेहन में ये सवाल सबसे पहले आता है. लेकिन आपको बता दें कि सच में ये देश है, लेकिन मान्यता प्राप्त देशों की सूची में यह सबसे छोटा है. इस देश में रोमन कैथोलिक ईसाई धर्म के सभी धर्म गुरु निवास करते हैं. अब तक तो आप समझ गए होंगे, लेकिन फिर नहीं जानते तो बस अगली स्लाइड में हम बता रहे हैं.
रे में आश्चर्य की बात यह है कि इस देश में अब तक एक भी बच्चा पैदा नहीं हुआ है. जी हां, यह देश 11 फरवरी 1929 को बना था, लेकिन उसके बाद से यहां पर एक भी बच्चा पैदा नहीं हुआ. क्या आप जानते हैं ऐसा क्यों है?

दुनिया भर के सभी कैथोलिक चर्च और कैथोलिक ईसाई इसे अपनी जड़ मानते हैं. कैथोलिक चर्च, उसके पादरी और दुनिया भर के प्रमुख धार्मिक नेताओं को यहीं से नियंत्रित किया जाता है.

महत्वपूर्ण जानकारी यह है कि इस देश के गठन के बाद से यहां कोई अस्पताल नहीं बनाया गया है. कई बार अस्पताल बनाने का अनुरोध किया गया, लेकिन हर बार इनकार कर दिया गया. ऐसे में यहां कोई गंभीर रूप से बीमार हो या कोई महिला गर्भवती होती है, तो उन्हें रोम के अस्पताल में भेज दिया जाता है. बता दें कि यह देश रोम सिटी के बीचों-बीच है.

ऐसा कहा जा रहा है कि वेटिकन सिटी में अस्पताल न खोलने का निर्णय संभवतः इसके छोटे आकार और आसपास के क्षेत्र में चिकित्सा सुविधाओं की गुणवत्ता के कारण लिया गया होगा. दरअसल, वेटिकन सिटी का क्षेत्रफल मात्र 118 एकड़ है. ऐसे में सभी मरीजों को इलाज के लिए रोम के क्लीनिकों और अस्पतालों में भर्ती कराना पड़ता है. यहां कोई भी बच्चे को जन्म नहीं दे सकता, क्योंकि यहां कोई प्रसव कक्ष नहीं है. शायद यही वजह है कि 96 सालों से इस देश में कोई बच्चा नहीं जन्मा.

इसके अलावा, वेटिकन में केवल 800-900 लोग रहते हैं, जिनमें रोमन कैथोलिक ईसाई धर्म से जुड़े वरिष्ठ पादरी भी शामिल हैं. हालांकि, यहां अपराध दर अन्य देशों की तुलना में अधिक है. ऐसा इसलिए कहा जाता है, क्योंकि यहां कई व्यक्तिगत अपराध होते हैं. ये अपराध आमतौर पर लाखों बाहरी पर्यटकों द्वारा किए जाते हैं. आम अपराधों में दुकान से चोरी, पर्स छीनना और जेबकतरी शामिल हैं.

वेटिकन सिटी में दुनिया का सबसे छोटा रेलवे स्टेशन है. इस स्टेशन पर दो ट्रैक हैं, प्रत्येक 300 मीटर लंबा है, तथा एक स्टेशन है जिसका नाम सिट्टा वेटिकनो है. रेलवे लाइन और रेलवे स्टेशन का निर्माण पोप पायस XI के शासनकाल के दौरान किया गया था. इसका उपयोग केवल माल परिवहन के लिए किया जाता है. उल्लेखनीय है कि इस देश में नियमित रेलगाड़ियां नहीं चलती हैं.

इसके अलावा पिटकेर्न द्वीप समूह, जो एक ब्रिटिश विदेशी क्षेत्र है, की जनसंख्या 50 से भी कम है. इसलिए, यह बताया गया है कि यहां कुछ वर्षों से कोई जन्म पंजीकृत नहीं किया गया है.

इन दोनों के अलावा अंटार्कटिका में अब तक किसी का जन्म नहीं हुआ है. हां, यह एक महाद्वीप है, लेकिन एक संप्रभु देश नहीं है. इसके अलावा, यहां आमतौर पर जन्म नहीं होते, क्योंकि यह क्षेत्र केवल वैज्ञानिक अनुसंधान तक ही सीमित है.