चाय ने ले ली 3 लोगों की जान, पूरा परिवार हो गया तबाह, दो घूंट गटकते ही आखिर हुआ तो हुआ क्‍या?

बांसवाड़ा. राजस्थान के आदिवासी बाहुल्य जिले बांसवाड़ा में चाय के प्याले के जरिये आई मौत ने एक साथ तीन लोगों को निगल लिया. बांसवाड़ा के आंबापुरा थाना क्षेत्र के नलदा गांव में जहरीली चाय पीने से एक परिवार की तीन पीढ़ियों के तीन लोगों की मौत हो गई. इनमें सास, बहू और पोता शामिल है. इनमें से सास की मौत बांसवाड़ा के महात्मा गांधी अस्पताल में और बहू तथा पोते की मौत उदयपुर के महाराणा भूपाल अस्पताल में हुई है.

झकझोर कर रख देने वाली यह घटना बांसवाड़ा में रविवार को दोपहर में हुई थी. उसके बाद सोमवार को सुबह तक जहरीली चाय पीने वाले छह लोगों में से तीन की मौत हो गई. दरअसल नलदा गांव में रविवार को दोपहर में चाय पीने के बाद एक ही परिवार के 6 लोगों को उल्टी दस्त होने लग गए. उसके बाद सभी पीड़ित बेहोश हो गए. उनकी हालत देखकर परिवार के अन्य लोग डर गए. वे उन्हें तत्काल बांसवाड़ा मुख्यालय पर स्थित महात्मा गांधी अस्पताल ले गए. वहां तीन लोगों की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें हायर सेंटर उदयपुर रेफर कर दिया गया था.

सास ने बांसवाड़ा में और बहू तथा पोते की उदयपुर में हुई मौत
इस बीच बांसवाड़ा में भर्ती 60 साल की वृद्धा दरिया की रविवार देर रात को उपचार के दौरान मौत हो गई. उसके बाद उदयपुर रेफर की गई दरिया की पुत्रवधू (चंदा) और पोते अक्षय (10) ने भी सोमवार को सुबह दम तोड़ दिया. शेष तीन पीड़ितों की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है. एक का उदयपुर और दो का बांसवाड़ा में इलाज चल रहा है. एक ही परिवार के तीन पीढ़ियों के तीन लोगों की मौत की खबर से नलदा गांव में मातम पसर गया है. पुलिस ने तीनों के शवों का पोस्टमार्टम करवाकर उन्हें उनके परिजनों को सौंप दिया है.

मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है
अभी तक तीनों की मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है. लेकिन सूत्रों के मुताबिक प्रारंभिक जांच में इस बात की संभावना जताई जा रही है कि चाय बनाने के दौरान उसमें कोई चाय पत्ती की जगह जहरीली दवा डाल दी गई. यह दवा क्या थी इसका अभी तक पता नहीं चल पाया है. लेकिन यह दवा दिखने में चाय पत्ती की जैसी ही थी. यह दवा कपास की हो सकती है. पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही मौत के कारणों का खुलासा हो पाएगा.

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